Mukhyamantri Krishak Durghatna Kalyan Yojana 2025: किसानों को 5 लाख रुपये तक की मदद, जानिए पात्रता, लाभ और आवेदन की पूरी प्रक्रिया

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Mukhyamantri Krishak Durghatna Kalyan Yojana 2025: उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा चलाई जा रही मुख्यमंत्री कृषक दुर्घटना कल्याण योजना राज्य के किसानों और उनके परिवारों के लिए एक बड़ी राहत लेकर आई है। इस लेख में हम विस्तार से बताएंगे कि इस योजना का उद्देश्य क्या है, पात्रता क्या है, इसमें कैसे आवेदन करें और कौन-कौन से दस्तावेज़ जरूरी हैं। यदि किसी किसान या उसके परिवार के सदस्य की दुर्घटना में मृत्यु या स्थायी विकलांगता होती है, तो सरकार की ओर से आर्थिक सहायता दी जाती है।

योजना का उद्देश्य: किसानों के परिवार को आर्थिक सुरक्षा देना

उत्तर प्रदेश सरकार का यह प्रयास किसानों को कठिन समय में सहारा देने के लिए है। खेती करने वाले कई परिवारों की आय का मुख्य स्रोत किसान ही होता है। ऐसे में किसी दुर्घटना के कारण अगर किसान की मृत्यु या विकलांगता हो जाए, तो परिवार आर्थिक रूप से टूट जाता है।
इसी को ध्यान में रखते हुए मुख्यमंत्री कृषक दुर्घटना कल्याण योजना शुरू की गई है, जिससे किसान परिवारों को ₹5 लाख तक की वित्तीय सहायता दी जा सके।

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Mukhyamantri Krishak Durghatna Kalyan Yojana 2025: किसानों को 5 लाख रुपये तक की मदद, जानिए पात्रता, लाभ और आवेदन की पूरी प्रक्रिया

योजना के तहत मिलने वाले लाभ

इस योजना के दो मुख्य लाभ हैं —

दुर्घटना में मृत्यु की स्थिति में किसान के परिवार को ₹5 लाख तक की आर्थिक सहायता दी जाती है। वहीं अगर किसान 60% या उससे अधिक विकलांग हो जाता है, तो उसे ₹2 लाख रुपये तक की सहायता प्रदान की जाती है। यह सहायता किसान के परिवार को जीवनयापन के लिए दी जाती है ताकि वे संकट की स्थिति में संभल सकें।

पात्रता: कौन-कौन किसान ले सकते हैं इस योजना का लाभ

इस योजना का लाभ केवल उत्तर प्रदेश के स्थायी निवासी किसानों को दिया जाएगा।
किसानों के लिए कुछ आवश्यक शर्तें निर्धारित की गई हैं —

आवेदक की आयु 18 से 70 वर्ष के बीच होनी चाहिए। किसान खातेदार, बटाईदार, पट्टेदार या किराएदार के रूप में खेती कर रहा होना चाहिए। इसके अलावा, किसान के माता-पिता, पत्नी, पुत्र, पुत्री, पौत्र, पौत्री या पुत्रवधू भी लाभ के पात्र होंगे, बशर्ते उनकी आजीविका कृषि पर निर्भर हो।

कवरेज: किन दुर्घटनाओं में मिलेगी सहायता

सरकार ने कई तरह की दुर्घटनाओं को इस योजना के तहत शामिल किया है। इनमें शामिल हैं —
बिजली गिरना, आग लगना, बाढ़, भूकंप, सर्पदंश (साँप के काटने से), जानवरों का हमला, सड़क, रेल या हवाई दुर्घटना, जल में डूबना, मकान गिरना और अन्य प्राकृतिक आपदाएँ।
इन घटनाओं में यदि किसान की मृत्यु या स्थायी विकलांगता होती है, तो योजना के तहत मुआवजा प्रदान किया जाएगा।

ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया: ऐसे करें रजिस्ट्रेशन

योजना के लिए आवेदन प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन है और इसे कोई भी किसान स्वयं या जनसेवा केंद्र के माध्यम से भर सकता है।

  1. सबसे पहले अपने मोबाइल या कंप्यूटर से b.up.nic.in वेबसाइट खोलें।
  2. वहां पर “राजस्व परिषद उत्तर प्रदेश” (Board of Revenue, UP) का पोर्टल खुल जाएगा।
  3. नीचे स्क्रॉल करने पर आपको मुख्यमंत्री कृषक दुर्घटना कल्याण योजना का लिंक दिखाई देगा, उस पर क्लिक करें।
  4. अब आवेदक लॉगिन ऑप्शन पर क्लिक करें।
  5. अपना मोबाइल नंबर दर्ज करें, और OTP सत्यापित करें।
  6. लॉगिन के बाद ऑनलाइन आवेदन का विकल्प चुनें।
  7. आवेदन फॉर्म में मृतक या विकलांग किसान की जानकारी भरें — नाम, पता, जन्मतिथि, दुर्घटना की तारीख और कारण आदि।
  8. इसके बाद आवेदक का विवरण और जरूरी दस्तावेज़ अपलोड करें।
  9. अंत में फॉर्म को सबमिट कर दें और वेरिफिकेशन प्रक्रिया पूरी करें।

आवश्यक दस्तावेज़ जो अपलोड करने होंगे

आवेदन करते समय आपको कुछ प्रमाण पत्र अपलोड करने होते हैं —

आधार कार्ड, खतौनी, एफआईआर की कॉपी, पोस्टमार्टम रिपोर्ट, पंचनामा, परिवार रजिस्टर की प्रमाणित प्रति, दिव्यांग प्रमाण पत्र (यदि लागू हो) और मृत्यु प्रमाण पत्र (यदि लागू हो)।
सभी दस्तावेज़ स्पष्ट और सत्यापित होने चाहिए, तभी आवेदन स्वीकार किया जाएगा।

आवेदन की स्थिति कैसे देखें

किसान आवेदन सबमिट करने के बाद पोर्टल पर अपने मोबाइल नंबर या आवेदन नंबर के माध्यम से आवेदन की स्थिति देख सकते हैं। सत्यापन पूरा होने के बाद लाभ की राशि सीधे किसान या परिवार के बैंक खाते में भेज दी जाती है।

FAQs: मुख्यमंत्री कृषक दुर्घटना कल्याण योजना 2025

Q1. मुख्यमंत्री कृषक दुर्घटना कल्याण योजना का लाभ किन किसानों को मिलेगा?
उत्तर प्रदेश के वे किसान जो खेती से जुड़े हैं और किसी दुर्घटना का शिकार हुए हैं, वे इस योजना के लाभार्थी बन सकते हैं।

Q2. कितनी राशि दी जाती है?
दुर्घटना में मृत्यु की स्थिति में ₹5 लाख और विकलांगता की स्थिति में ₹2 लाख तक की सहायता दी जाती है।

Q3. आवेदन कैसे करें?
आवेदन b.up.nic.in वेबसाइट पर ऑनलाइन किया जा सकता है।

Q4. आवेदन के लिए कौन-कौन से दस्तावेज़ जरूरी हैं?
आधार कार्ड, खतौनी, एफआईआर, परिवार रजिस्टर, मृत्यु प्रमाण पत्र, पोस्टमार्टम रिपोर्ट आदि आवश्यक हैं।

Q5. क्या परिवार के सदस्य भी आवेदन कर सकते हैं?
हाँ, किसान के माता-पिता, पत्नी, पुत्र, पुत्री या पौत्र भी आवेदन कर सकते हैं यदि वे कृषि पर निर्भर हों।

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